विष्णुपद मंदिर के गर्भगृह नीतिश के मंत्री मंसूरी प्रवेश, मंदिर प्रशासन ने कहा, हिन्दुओं की भावनाओं को ठेस पहुंची
पटना
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार गया में थे। इस दौरान बोधगया में उन्होंने प्राचीन विष्णुपद मंदिर के गर्भगृह में पूजा अर्चना की थी। तभी उनके अल्पसंख्यक मंत्री मोहम्मद इसराइल मंसूरी भी मौजूद रहे। इससे बिहार में नया बवाल मच गया है। विष्णुपद मंदिर में गैर हिंदुओं का प्रवेश वर्जित है। यह मंदिर के बाहर साफ अक्षरों में लिखा भी हुआ है। बावजूद इसके मंसूरी प्रवेश कर गए। मंत्री नीतीश के साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं। वहीं, मंदिर प्रशासन भी इससे नाराज बताया जा रहा है। मंदिर प्रशासन की ओर से कहा गया है, कि कोई मुस्लिम मंदिर में जानबूझकर प्रवेश कर गया। मंदिर प्रशासन की ओर से कहा गया है, कि हमें इसकी जानकारी नहीं थी। हम चेहरे को पहचान नहीं सके। जो स्थानीय लोग थे, उन्हें रोकना चाहिए था।
मंदिर प्रशासन ने कह दिया है कि इससे सनातन धर्म और पंडा समाज को ठेस पहुंची है। जानबूझकर ऐसा किया गया है। जिसने भी गलत की है, उस माफी मांगने चाहिए। इसपर भाजपा नीतीश पर हमलावर होकर हिंदू भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगा रही है। भाजपा नेता अरविंद कुमार सिंह ने कहा है, अपनी कुर्सी बचाने के लिए नीतीश कुमार हिंदुओं की भावनाओं को कितना ठेस पहुंच जाएंगे। 17-18 साल मुख्यमंत्री रहने वाले नीतीश कुमार को क्या पता नहीं है कि विष्णुपद मंदिर में गैर हिंदुओं का जाना वर्जित है।
भाजपा विधायक और लगातार नीतीश कुमार पर हमलावर रहने वाले हरी भूषण ठाकुर ने कहा है कि विधर्मियों ने मंदिर को अपमानित किया है। नीतीश ने हिंदुओं की भावनाओं को आहत किया है। मंदिर प्रशासन दावा कर रहा है, कि नीतीश के साथ मुस्लिम मंत्री का मंदिर के अंदर आना कानून के खिलाफ है। आगे की कार्रवाई मंदिर प्रशासन के लोगों की बैठक के बाद होगी। दूसरी ओर नीतिश के मंत्री मंसूरी का बयान सामने आ गया है। उन्होंने कहा है कि यह संयोग है, कि मैं नीतीश कुमार के साथ गर्भ गृह में प्रवेश किया और मुझे पूजा करने का अवसर मिला।
