महिला की शिकायत पर डीन-अधीक्षक को नोटिस
ग्वालियर। महिला की शिकायत पर अजाक थाने की ओर से जीआर मेिडकल कालेज के डीन व जेएएच अधीक्षक के खिलाफ नोटिस जारी हुए हैं। डीन व अधीक्षक को बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया है। जिससे बयान दर्ज होने पर महिला की शिकायत पर आगे की कार्रवाई की जा सके। हालांकि डीन व अधीक्षक की ओर से भी महिला के खिलाफ कंपू थाने से लेकर एडीजी तक शिकायत की गई है पर उस पर अभी तक कोई एक्शन नहीं हुआ है, जबकि अजाक थाने ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
गौरतलब है कि जयारोग्य अस्पताल की नर्सिंग आफिसर पूनम सरनकार द्वारा पुलिस अधीक्षक व अजाक थाने में शिकायती आवेदन दिया था। जिसमें आरोप लगाया गया था कि उसे सात महीने से वेतन नहीं मिला। जब वेतन की मांग करने के लिए मैं जयारोग्य अस्पताल के अधीक्षक डा आरकेएस धाकड़ के पास गई तो वापसी में एक युवक मिला, जिसने मुझे बोला कि मैं सर के साथ ही रहता हूं आपको मिलवा देता हूं तो आपके काम असानी से हो जाएंगे। यह घटना कई बार हुई तब मैंने इसकी शिकायत जेएएच अधीक्षक डा आरकेएस धाकड़ से की। पहले तो उन्होंने अनसुना कर दिया, बाद में उन्होंने यह कह दिया कि आपसे मिलने के लिए ही तो बोला आप मिल लेते तो कम से कम काम तो हो जाता। जब इसकी शिकायत गजराराजा मेडिकल कालेज के डीन से की तो उन्होंने अपशब्द बोलकर मुझे अपमानित किया था। गजराराजा मेडिकल कालेज के डीन व जेएएच अधीक्षक को बयान दर्ज कराने के लिए नोटिस दिया हैं। वह अपने बयान दर्ज कराएं, जिससे महिला की शिकायत पर आगे कार्रवाई की जा सके। – आरवीएस विमल थाना प्रभारी अजाक मुझे किस बात का नोटिस मिलेगा, अभी मुझे कोई नोटिस न तो मिला है और न ही मेरा इस मामले से कोई लेना देना है। – डा अक्षय निगम, डीन गजराराजा मेडिकल कालेज संभागायुक्त द्वारा गठित की गई कमेटी में मेरे बयान दर्ज हो चुके हैं, अब अजाक थाने से बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया है। मेरे ऊपर दबाव बनाया जा रहा है, मेरे साथ गलत हुआ है मेरा अब तक वेतन नहीं निकाला गया। अब मुझे न्याय चाहिए। – पूनम सरनकर नर्सिंग आफिसर जयारोग्य अस्पताल के नर्सिंग संगठन एक राय होकर संयुक्त मोर्चा के बैनर तले डीन डा अक्षय निगम को ज्ञापन सौंपने पहुंचे थे। जहां पर उन्होंने जेएएच अधीक्षक डा आरकेएस धाकड़ के खिलाफ ज्ञापन सौंपकर उन्हें मुख्मंत्री का रिश्तेदार बताते हुए शोषण का आरोप लगाया था। उधर डा धाकड़ के सपोर्ट में पीजी छात्र डा हितेन्द्र यादव कुछ छात्रों के साथ ज्ञापन देने पहुंचे और नर्सिंग संगठनों के पदाधिकारियों से उनकी कहा सुनी हुई थी। जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया और सभी नर्सिंग संगठन शिकायत करने के लिए संभागायुक्त के पास पहुंचे थे। जिस पर संभागायुक्त ने नर्सिंग आफिसर की शिकायत पर महिला अधिकारियों की एक कमेटी गठित की, जिसकी जांच अभी चल रही है।
